1 ख़ुदावन्द की हम्द करो।
ख़ुदावन्द के सामने नया हम्द गाओ,
और पाक लोगों के मजमे' में उसकी मदहसराई करो!
3 वह नाचते हुए उसके नाम की सिताइश करें,
वह दफ़ और सितार पर उसकी मदहसराई करें!
4 क्यूँकि ख़ुदावन्द अपने लोगों से खू़शनूद रहता है;
वह हलीमों को नजात से ज़ीनत बख़्शेगा।
5 पाक लोग जलाल पर फ़ख़्र करें,
वह अपने बिस्तरों पर ख़ुशी से नग़मा सराई करें।