6 क्यूँकि न तो मैं अपनी कमान पर भरोसा करूँगा,
और न मेरी तलवार मुझे बचाएगी।
7 लेकिन तूने हम को हमारे मुख़ालिफ़ों से बचाया है,
और हम से 'अदावत रखने वालों को शर्मिन्दा किया।
8 हम दिन भर ख़ुदा पर फ़ख़्र करते रहे हैं,
और हमेशा हम तेरे ही नाम का शुक्रिया अदा करते रहेंगे।