1 मेरे प्रभु तै यहोवा की या वाणी सै, "तू मेरे सोळे हाथ नै बैठ,
जिब ताहीं मै तेरे दुश्मनां नै तेरे पैंरां की चौकी ना कर देऊँ।"
2 तेरी शक्ति का राजदंड यहोवा सिय्योन तै बढ़ावैगा।
तू अपणे दुश्मनां कै बीच म्ह राज कर।
3 तेरी प्रजा के माणस तेरे पराक्रम कै दिन अपणी मर्जी तै स्वेच्छाबलि बणै सै;
तेरे जवान लोग पवित्रताई तै शोभायमान,
अर सबेरै कै गर्भ तै पैदा होई ओस की तरियां तेरे धोरै सै।
4 यहोवा नै कसम खाई अर ना पछतावैगा,
"तू मलिकिसिदक की तरियां सदा खात्तर याजक सै।"
5 प्रभु तेरे सोळे ओड़ होकै
अपणे छो कै दिन राजयां नै चूर कर देवैगा।
6 वो जात-जात म्ह न्याय चुकावैगा, रणभूमि लाशां तै भर ज्यागी;
वो लम्बे-चौड़े देश के प्रधानां नै चूर-चूर कर देगा।
7 वो राह म्ह चाल्दे-चाल्दे नदी का पाणी पीवैगा
अर फेर वो जीत कै बाद अपणे सिर नै ऊँच्चा करैगा।