1 हे मेरे धर्मी परमेसवर,
जिब मै पुकारूँ तब मन्नै जवाब दे; जिब मै बिप्दा म्ह पड्या तो तन्नै मेरे ताहीं सहारा दिया।
मेरै पै दया कर अर मेरी प्रार्थना सुण ले।
2 हे माणसों, कद ताहीं मेरी महिमा का अनादर होंदा रहवैगा?
थम कद ताहीं बेकार की बात्तां तै लगाव राक्खोगे अर झूठ्ठी युक्ति की टोह् म्ह रहोगे?
3 या जाण ल्यो के यहोवा नै अपणे भगत ताहीं अपणे खात्तर न्यारा छाँट राख्या सै,
जब मै यहोवा नै पुकारूँगा तो वो मेरी सुण लेगा।
4 काँपते रहो अर पाप ना करो;
अपणे-अपणे बिछोणे पै मन ए मन म्ह ध्यान करो अर चुपचाप रहो। (सेला)
5 धार्मिकता के बलिदान चढ़ाओ,
अर यहोवा पै भरोस्सा राक्खो।
6 घणखरे सै जो कहवै सै, "कौण हमनै कुछ भलाई दिखावैगा?"
हे यहोवा, तू अपणे मुँह का चान्दणा म्हारै पै चमका!
7 तन्नै मेरै मन म्ह उसतै घणा आनन्द भर दिया सै,
जो उननै नाज अर दाखमधु की बढ़ोतरी तै होवै सै।
8 मै शान्ति तै लेट जाऊँगा अर सो जाऊँगा,
क्यूँके, हे यहोवा, सिर्फ तू ए मन्नै निश्चिन्त रहण देवै सै।