39 धर्मियाँ की मुक्ति यहोवा की
ओड़ तै होवै सै;
संकट के बखत वो उसका मजबूत गढ़ सै।
40 यहोवा उनकी मदद करकै उन ताहीं बचावै सै;
वो उननै दुष्ट तै छुड़ाकै उनका उद्धार करै सै,
इस करकै के उननै उस म्ह अपणी शरण ली सै।
39 धर्मियाँ की मुक्ति यहोवा की
ओड़ तै होवै सै;
संकट के बखत वो उसका मजबूत गढ़ सै।
40 यहोवा उनकी मदद करकै उन ताहीं बचावै सै;
वो उननै दुष्ट तै छुड़ाकै उनका उद्धार करै सै,
इस करकै के उननै उस म्ह अपणी शरण ली सै।