1 हे परमेशर मीं पुड़ दया केर, किजोकि मेरे दुश्मन मीं निगलने चातन,
लड़नेबाले सैरी दिहैड़ी सतातन।
2 सैरी दिहैड़ी मेरे दुश्मन मीं पुड़ हमलो केरनो चातन,
किजोकि ज़ैना लोक घमण्ड केरतां मीं सेइं लड़तन तैना बड़ेन।
3 ज़ैस वक्ते मीं डर लग्गेलो,
अवं तीं पुड़ भरोसो रेखेलो।
4 परमेशरेरी मद्दती सेइं अवं तैसेरे वचनेरी तारीफ़ केरेलो,
परमेशरे पुड़ मीं भरोसो रखोरोए, अवं डरेलो नन्ना।
किजोकि कोई भी मैन्हु मेरू कुन केरि सकते?
5 तैना सैरी दिहैड़ी मेरी गल्लां केरो मतलब ट्लोड़ मरोड़ केरतां गलत मतलब कढतन;
तैन केरे सारे खियाल सिर्फ मेरी बुराई केरनेरे भोतन।
6 तैना सब मिलतां अकोट्ठे भोतन ते छ़ेपतां बिशतन;
तैना मेरे कदमन तकते रहतन
ज़ेन्च़रे तैना मेरे मारनेरे लेई बिश्शोरे भोन।
7 कुन तैना बुराई केरतां भी बेंच़ी गाले?
हे परमेशर, अपने क्रोधे सेइं मुल्खेरे-मुल्खेरे लोकन बिछ़ोड़!
8 तू मेरे दरबदर फिरनेरो हिसाब रखतस;
तू मेरा ऐंखरू एपनी कुप्पी मां रख!
कुन तैन केरि चर्चा तेरी किताबी मां नईं?
9 तैखन ज़ैस वक्ते अवं बिनती केरेलो, तैस्से वक्ते मेरे दुश्मन उलटे फिरेले।
इन अवं ज़ानताईं, कि परमेशर मेरे पासे।
10 परमेशरेरी मद्दती सेइं अवं तैसेरे वचनेरी तारीफ़ केरेलो,
यहोवारे मद्दती सेइं अवं तैसेरे वचनेरी तारीफ़ केरेलो।
11 मीं परमेशरे पुड़ भरोसो रखोरोए, अवं न डरेलो।
इन्सान मेरू कुन केरि सकते?
12 हे परमेशर, तेरी मिन्नतां केरो भार मीं पुड़े;
अवं तींजो शुक्रेरी बलि च़ैढ़ेलो।
13 किजोकि तीं मेरी जान मौती करां बच़ेवरीए;
तीं मेरे पव झिशकने करां भी बच़ावरेन,
ताके अवं परमेशरेरे सामने ज़ींतां केरि लोई मां च़ेलि फिरी सेकी।